2 IEV इससे पहले कि परमेश्वर कुछ भी बनाते वह उनके साथ था। BSB BSB: He was with God in the beginning.
4 IEV शब्द में जीवन था, इसलिए वह सबको और हर एक को जीवन दे सकते हैं। शब्द परमेश्वर का प्रकाश था जो हर स्थान हर किसी पर चमकता था। BSB BSB: In Him was life, and that life was the light of men.
5 IEV यह प्रकाश अँधेरे में चमका, और अँधेरे ने इसे समाप्त कर देने का प्रयास किया, परन्तु वह ऐसा नहीं कर पाया। BSB BSB: The Light shines in the darkness, and the darkness has not overcome it.
7 IEV वह प्रकाश के विषय में लोगों को गवाही देने आया था। उसने जो कहा वह सच था, और उसने उस सन्देश को घोषित किया जिससे कि हर कोई विश्वास करे। BSB BSB: He came as a witness to testify about the Light, so that through him everyone might believe.
8 IEV यूहन्ना स्वयं प्रकाश नहीं था, परन्तु वह लोगों को प्रकाश के विषय में गवाही देने के लिए आया था। BSB BSB: He himself was not the Light, but he came to testify about the Light.
9 IEV वह सच्चा प्रकाश जो हर किसी पर चमका, और वह प्रकाश संसार में आ रहा था। BSB BSB: The true Light, who gives light to everyone, was coming into the world.
10 IEV वह शब्द संसार में था और परमेश्वर ने उसके द्वारा संसार को बनाया था, परन्तु संसार के लोगों में से किसी को पता नहीं चला कि वह कौन था, BSB BSB: He was in the world, and though the world was made through Him, the world did not recognize Him.
11 IEV वह अपने लोगों के पास आया, जो यहूदी थे, परन्तु उनके अपने लोगों ने उन्हें अस्वीकार किया। BSB BSB: He came to His own, and His own did not receive Him.
12 IEV परन्तु जिन्होंने उन्हें अपने जीवन में ग्रहण किया और उन पर विश्वास किया, उन्होंने उन लोगों को परमेश्वर की सन्तान होने का अधिकार दिया। BSB BSB: But to all who did receive Him, to those who believed in His name, He gave the right to become children of God—
13 IEV वे लोग प्राकृतिक रूप से परमेश्वर के सन्तान नहीं बने, अर्थात् मानविय पिता द्वारा नहीं परन्तु परमेश्वर स्वयं उनके पिता थे। BSB BSB: children born not of blood, nor of the desire or will of man, but born of God.
15 IEV एक दिन यूहन्ना बपतिस्मा देने वाला लोगों को शब्द के विषय में बता रहा था, और यीशु उसके पास आए। यूहन्ना ने अपने चारों ओर खड़ी भीड़ को चिल्ला कर कहा,“मैंने तुमसे कहा था कि कोई मेरे बाद आएँगे जो मुझसे अधिक बढ़कर हैं। वे मुझसे बहुत समय पहले से अस्तित्व में हैं, मेरे जन्म से पहले- अन्नत काल से हैं। यह व्यक्ति जो यहाँ हैं। यही वह व्यक्ति हैं जिनके विषय में मैं बात कर रहा था।” BSB BSB: John testified concerning Him. He cried out, saying, “This is He of whom I said, ‘He who comes after me has surpassed me because He was before me.’”
16 IEV उनकी परिपूर्णता से हम सब ने अनुग्रह और सच्चाई प्राप्त की। BSB BSB: From His fullness we have all received grace upon grace.
17 IEV मूसा ने यहूदी लोगों के लिए परमेश्वर की व्यवस्था का प्रचार किया। यीशु मसीह हमारे लिए हमारी योग्यता से कहीं अधिक दयालु थे और उन्होंने हमें परमेश्वर के विषय में सच्ची बातें सिखाई। BSB BSB: For the law was given through Moses; grace and truth came through Jesus Christ.
19 IEV यूहन्ना की गवाही यह है: यहूदियों ने यरूशलेम से याजक और लेवियों को भेजा। वे यूहन्ना के पास आए और पूछा,“तू कौन है?” BSB BSB: And this was John’s testimony when the Jews of Jerusalem sent priests and Levites to ask him, “Who are you?”
20 IEV तो उसने यह मान लिया, और मना नहीं किया और कहा,“मैं मसीह नहीं हूँ!” BSB BSB: He did not refuse to confess, but openly declared, “I am not the Christ.”
22 IEV उन्होंने उससे एक बार फिर पूछा,“फिर तू है कौन? हमें बता कि हम वापस जा कर उन्हें बता सके, जिन्होंने हमें भेजा है। तू अपने विषय में क्या कहता है?” BSB BSB: So they said to him, “Who are you? We need an answer for those who sent us. What do you say about yourself?”
23 IEV उसने उत्तर दिया जैसे कि यशायाह भविष्यद्वक्ता ने लिखा था,“मैं मरुस्थल में पुकारने वाले का शब्द हूँ,‘प्रभु के लिए मार्ग तैयार करो।’ BSB BSB: John replied in the words of Isaiah the prophet: “I am a voice of one calling in the wilderness, ‘Make straight the way for the Lord.’”
24 IEV इनमें से फरीसियों के कुछ लोग यूहन्ना के पास आए थे। BSB BSB: Then the Pharisees who had been sent
25 IEV उन्होंने उससे पूछा,“क्योंकि तू कहता है कि तू न तो मसीह है और न ही एलिय्याह है और न ही भविष्यद्वक्ता है, तो तू बपतिस्मा क्यों दे रहा है?” BSB BSB: asked him, “Why then do you baptize, if you are not the Christ, nor Elijah, nor the Prophet?”
26 IEV “यूहन्ना ने उत्तर दिया,” मैं लोगों को जल से बपतिस्मा देता हूँ, परन्तु अब कोई तुम्हारे बीच में खड़े है जिन्हें तुम नहीं जानते। BSB BSB: “I baptize with water,” John replied, “but among you stands One you do not know.
27 IEV वो मेरे बाद आते हैं, परन्तु मैं इस योग्य भी नहीं कि एक दास के समान उनकी जूती को खोल सकूँ।” BSB BSB: He is the One who comes after me, the straps of whose sandals I am not worthy to untie.”
28 IEV ये बातें बैतनिय्याह के एक गाँव में हुईं जो पूर्व की ओर यरदन नदी के किनारे था। यही वह स्थान है जहाँ यूहन्ना बपतिस्मा दे रहा था। BSB BSB: All this happened at Bethany beyond the Jordan, where John was baptizing.
29 IEV अगले दिन यूहन्ना ने यीशु को अपनी ओर आते देखा। उन्होंने लोगों से कहा,“देखो, परमेश्वर का मेम्ना, जो संसार के पापों को दूर करने के लिए अपना जीवन बलिदान कर देंगे। BSB BSB: The next day John saw Jesus coming toward him and said, “Look, the Lamb of God, who takes away the sin of the world!
30 IEV ये वही हैं जिनके विषय में मैंने कहा था,‘कोई मेरे बाद आएँगे जो मेरे से भी अधिक महत्वपूर्ण होंगे, क्योंकि वह मुझसे बहुत समय पहले से अस्तित्व में हैं।’ BSB BSB: This is He of whom I said, ‘A man who comes after me has surpassed me because He was before me.’
31 IEV मैं पहले उन्हें नहीं जानता था, परन्तु अब मैं जानता हूँ कि वह कौन हैं। मेरा काम था आना और पानी से उन लोगों को बपतिस्मा देना जो क्षमा माँग कर अपने पापों को छोड़ देते हैं, मैं चाहता हूँ की इस्राएल के लोग जाने की वह कौन हैं। BSB BSB: I myself did not know Him, but the reason I came baptizing with water was that He might be revealed to Israel.”
32 IEV यूहन्ना ने यह गवाही दी:“मैंने स्वर्ग से परमेश्वर के आत्मा को कबूतर के रूप में उतरते हुए देखा और वह यीशु पर आकर ठहर गए। BSB BSB: Then John testified, “I saw the Spirit descending from heaven like a dove and resting on Him.
33 IEV और मैं तो उसे पहचानता नहीं था, परन्तु परमेश्वर ने मुझे लोगों को जल से बपतिस्मा देने के लिए भेजा, उन्होंने मुझसे कहा,“जिस मनुष्य पर तू मेरे आत्मा को आते हुए और ठहरते हुए देखेगा वह वही हैं जो पवित्र- आत्मा से बपतिस्मा देंगे।” BSB BSB: I myself did not know Him, but the One who sent me to baptize with water told me, ‘The man on whom you see the Spirit descend and rest is He who will baptize with the Holy Spirit.’
34 IEV मैंने देखा है और मैं तुमको गवाही देता हूँ कि वह परमेश्वर के पुत्र हैं।” BSB BSB: I have seen and testified that this is the Son of God.”
35 IEV “यूहन्ना बपतिस्मा देने वाला अगले दिन फिर से उसी स्थान पर अपने दो शिष्यों के साथ था। BSB BSB: The next day John was there again with two of his disciples.
36 IEV जब उसने यीशु को वहाँ से जाते देखा, तो उसने कहा,“देखो, परमेश्वर का मेम्ना।” BSB BSB: When he saw Jesus walking by, he said, “Look, the Lamb of God!”
37 IEV यूहन्ना के दो शिष्यों ने जब यूहन्ना को सुना, तो यूहन्ना को छोड़ कर यीशु के पीछे चल दिए। BSB BSB: And when the two disciples heard him say this, they followed Jesus.
38 IEV यीशु ने उन्हें पीछे मुड़ कर देखा, और उनसे पूछा,“तुम क्या ढूँढ़ रहे हो?” उन्होंने उनसे कहा,“रब्बी(जिसका अर्थ है‘शिक्षक’), हमें बताएँ कि आप कहाँ रहते हैं।” BSB BSB: Jesus turned and saw them following. “What do you want?” He asked. They said to Him, “Rabbi” (which means Teacher), “where are You staying?”
39 IEV उन्होंने उत्तर दिया,“आओ, और स्वयं देखो!” तो वे आए और देखा कि यीशु कहाँ रह रहे थे और वे उस दिन यीशु के साथ रहे। तब शाम हो रही थी(लगभग 4 बजे का समय था।) BSB BSB: “Come and see,” He replied. So they went and saw where He was staying, and spent that day with Him. It was about the tenth hour.
40 IEV यीशु के पीछे आने वाले दो शिष्यों में से एक का नाम अन्द्रियास था; वह शमौन पतरस का भाई था। BSB BSB: Andrew, Simon Peter’s brother, was one of the two who heard John’s testimony and followed Jesus.
41 IEV अन्द्रियास पहले अपने भाई शमौन को ढूँढ़ने के लिए निकल गया जब वह उसके पास आया, तो उसने कहा,“हमें ख्रिस्त(जिसका अर्थ है‘मसीह’) मिल गए है।” BSB BSB: He first found his brother Simon and told him, “We have found the Messiah” (which is translated as Christ).
42 IEV अन्द्रियास शमौन को यीशु के पास ले गया यीशु ने पतरस की ओर देखा, और कहा,“तू शमौन है, तेरे पिता का नाम यूहन्ना है, तुझे कैफा नाम दिया जाएगा।” कैफा एक अरामी नाम है जिसका अर्थ है‘ठोस चट्टान।’(पतरस का अर्थ यूनानी भाषा में भी यही है।) BSB BSB: Andrew brought him to Jesus, who looked at him and said, “You are Simon son of John. You will be called Cephas” (which is translated as Peter).
43 IEV अगले दिन यीशु ने यीशु ने गलील को जाने का निर्णय किया। उन्हें फिलिप्पुस नाम का एक व्यक्ति मिला। यीशु ने उससे कहा,“मेरे पीछे हो ले।” BSB BSB: The next day Jesus decided to set out for Galilee. Finding Philip, He told him, “Follow Me.”
45 IEV फिलिप्पुस अपने मित्र नतनएल की खोज करने के लिए गया। जब वह उसके पास आया, तो उससे कहा,“हमने उन्हें ढूँढ़ लिया है जिनके विषय में मूसा ने लिखा था, वह मसीह हैं। भविष्यद्वक्ताओं ने भविष्यद्वाणी की कि वह आएँगे।” यीशु मसीह हैं। वह नासरत के नगर से हैं। उनके पिता का नाम यूसुफ है। BSB BSB: Philip found Nathanael and told him, “We have found the One Moses wrote about in the Law, the One the prophets foretold—Jesus of Nazareth, the son of Joseph.”
46 IEV नतनएल ने उत्तर दिया,“नासरत से? क्या नासरत से कुछ अच्छा निकल सकता है?” फिलिप्पुस ने उत्तर दिया,“आ और स्वयं देख!” BSB BSB: “Can anything good come from Nazareth?” Nathanael asked. “Come and see,” said Philip.
47 IEV जब यीशु ने नतनएल को पास आते हुए देखा, तो उन्होंने उसके विषय में यह कहा,“देखो! एक निष्ठावान और अच्छा इस्राएली; जिसने कभी भी किसी को धोखा नहीं दिया।” BSB BSB: When Jesus saw Nathanael approaching, He said of him, “Here is a true Israelite, in whom there is no deceit.”
48 IEV नतनएल ने उससे पूछा,“आप कैसे जानते हैं कि मैं कैसा मनुष्य हूँ? आप मुझे नहीं जानते।” यीशु ने उत्तर दिया,“मैंने तुझे फिलिप्पुस द्वारा बुलाए जाने से पहले अंजीर के पेड़ के नीचे बैठे हुए देखा था।” BSB BSB: “How do You know me?” Nathanael asked. Jesus replied, “Before Philip called you, I saw you under the fig tree.”
49 IEV तब नतनएल ने कहा,“हे गुरु, आप परमेश्वर के पुत्र हो, आप इस्राएल के राजा हो।” BSB BSB: “Rabbi,” Nathanael answered, “You are the Son of God! You are the King of Israel!”
50 IEV यीशु ने उसे उत्तर दिया,“क्या तू मुझ पर विश्वास इसलिए करता है क्योंकि मैंने तुझ से कहा कि मैंने तुझे अंजीर के पेड़ के नीचे देखा है? तू मुझे इससे महान कार्यों को करते हुए देखेगा!” BSB BSB: Jesus said to him, “Do you believe just because I told you I saw you under the fig tree? You will see greater things than these.”
51 IEV तब यीशु ने उससे कहा,“मैं तुमसे सच- सच कह रहा हूँ: जैसे तुम्हारे पूर्वज याकूब ने बहुत पहले देखा था, किसी दिन तुम स्वर्ग को खुलते देखोगे और तुम परमेश्वर के स्वर्गदूतों को ऊपर जाते हुए और नीचे आते हुए अर्थात् मनुष्य के पुत्र पर आते हुए देखोगे।” BSB BSB: Then He declared, “Truly, truly, I tell you, you will all see heaven open and the angels of God ascending and descending on the Son of Man.”