2 HGST उसने भूमि के लिए मिले धन में से कुछ अपने लिए रख लिए। उसकी पत्नी जानती थी कि उसने ऐसा किया है। फिर उसने बाकी धन लाकर प्रतिनिधियों को दे दिए। BSB BSB: With his wife’s full knowledge, he kept back some of the proceeds for himself, but brought a portion and laid it at the apostles’ feet.
4 HGST तेरे उस भूमि को बेचने से पहले, तू वास्तव में उसका मालिक था। और तेरे उसे बेच देने के बाद, वह रुपया अभी भी तेरा ही था। अत: तुझे ऐसा दुष्ट काम करने के बारे में कभी नहीं सोचना चाहिए था। तू केवल लोगों को धोखा देने का प्रयत्न नहीं कर रहा था! नहीं, तू स्वयं परमेश्वर को धोखा देने का प्रयत्न कर रहा था!” BSB BSB: Did it not belong to you before it was sold? And after it was sold, was it not at your disposal? How could you conceive such a deed in your heart? You have not lied to men, but to God!”
5 HGST जब हनन्याह ने वे बातें सुनीं जो पतरस ने उससे कही थीं, तो वह तुरन्त गिरकर मर गया। और जिन लोगों को{ हनन्याह की मृत्यु के बारे में} मालूम हुआ, उन्होंने परमेश्वर के प्रति बड़ा भय महसूस किया। BSB BSB: On hearing these words, Ananias fell down and died. And great fear came over all who heard what had happened.
6 HGST जब हनन्याह मर गया, तो कुछ जवानों ने आगे आकर उसके शव को एक चादर में लपेटा, और उसे उठाकर बाहर ले गए और गाड़ दिया। BSB BSB: Then the young men stepped forward, wrapped up his body, and carried him out and buried him.
7 HGST लगभग तीन घण्टे बाद, उसकी पत्नी भीतर आई। परन्तु वह नहीं जानती थी कि उनके द्वारा बोले गए झूठ के बारे में पतरस ने उसके पति का विरोध किया था और उसके परिणामस्वरूप उसका पति मर गया था। BSB BSB: About three hours later his wife also came in, unaware of what had happened.
8 HGST तब पतरस ने उसे वह धन दिखाया जो हनन्याह लेकर आया था और उससे पूछा,“मुझे बता, क्या यह वही धन है जो तुम दोनों ने उस बेची गई भूमि के लिए प्राप्त किया था?” उसने कहा,“हाँ, हमें यही मिला था।” BSB BSB: “Tell me,” said Peter, “is this the price you and your husband got for the land?” “Yes,” she answered, “that is the price.”
9 HGST तब पतरस ने उससे कहा,“तुम दोनों ने पवित्र आत्मा को धोखा देने का प्रयत्न करने के लिए सहमत होकर एक भयानक काम किया है! इसके परिणामस्वरूप तुम्हारे साथ यह होगा।{ इसके दण्ड के रूप में परमेश्वर ने तेरे पति को मार डाला है और} कुछ जवान उसे गाड़कर वापस आ ही रहे हैं। परमेश्वर तुझे भी मार डालने वाला है, और वे तेरे शव को बाहर ले जाएँगे और उसे भी गाड़ देंगे।” BSB BSB: “How could you agree to test the Spirit of the Lord?” Peter replied. “Look, the feet of the men who buried your husband are at the door, and they will carry you out also.”
10 HGST तुरन्त सफीरा पतरस के सामने ही गिरकर मर गई। तभी वे जवान वापस आ गए। जब उन्होंने देखा कि वह भी मर गई है, तो वे उसके शव को उठाकर बाहर ले गए और उसके पति के शव के पास में उसे गाड़ दिया। BSB BSB: At that instant she fell down at his feet and died. Then the young men came in and, finding her dead, carried her out and buried her beside her husband.
12 HGST परमेश्वर उन प्रतिनिधियों को लोगों के बीच बहुत से अद्भुत आश्चर्यकर्म करने में सक्षम बना रहा था{ जो उस सत्य को प्रकट करते थे कि जिसका वे प्रचार कर रहे थे}। सभी विश्वासी सुलैमान के ओसारे नाम के स्थान पर मन्दिर के आँगन में नियमित रूप से एक साथ इकट्ठे होते थे। BSB BSB: The apostles performed many signs and wonders among the people, and with one accord the believers gathered together in Solomon’s Colonnade.
13 HGST अन्य सभी लोग जिन्होंने यीशु पर विश्वास नहीं किया था, विश्वासियों से मिलने से डरते थे। हालाँकि, वे लोग उनके बारे में बहुत अच्छी बातें करते रहे। BSB BSB: Although the people regarded them highly, no one else dared to join them.
14 HGST बहुत सारे पुरुष और स्त्रियाँ प्रभु यीशु पर विश्वास करने लगे, और वे विश्वासियों के समूह में शामिल हो गए। BSB BSB: Yet more and more believers were brought to the Lord—large numbers of both men and women.
15 HGST क्योंकि लोग ऐसे अद्भुत आश्चर्यकर्म देख रहे थे, इसलिए वे विभिन्न रोगों से पीड़ित लोगों को सड़कों पर लाकर उन्हें वहाँ खाटों और गद्दों पर लिटाने लगे। वे आशा कर रहे थे कि जब पतरस वहाँ से होकर जाएगा तो उसकी छाया उनमें से कुछ को छू लेगी, क्योंकि यदि ऐसा भी हो जाए, तो परमेश्वर उन्हें चंगा कर देगा। BSB BSB: As a result, people brought the sick into the streets and laid them on cots and mats, so that at least Peter’s shadow might fall on some of them as he passed by.
16 HGST यरूशलेम के आसपास के नगरों से भी बड़ी भीड़ आ रही थी। वे उन लोगों को ला रहे थे जो विभिन्न रोगों से पीड़ित थे और जिन्हें दुष्टात्माएँ सता रही थीं, और परमेश्वर ने उन सभी को चंगा किया। BSB BSB: Crowds also gathered from the towns around Jerusalem, bringing the sick and those tormented by unclean spirits, and all of them were healed.
17 HGST हालाँकि, महायाजक बहुत नाराज हुआ{ कि प्रतिनिधियों के पास इतनी बड़ी भीड़ आ रही थी}। सदूकी समूह के कई याजक भी उनसे बहुत नाराज थे। वे उनके विरुद्ध काम करने के लिए महायाजक के साथ मिल गए। BSB BSB: Then the high priest and all his associates, who belonged to the party of the Sadducees, were filled with jealousy. They went out
18 HGST अत: उन्होंने मन्दिर के पहरेदारों को आज्ञा दी कि उन्हें पकड़कर सार्वजनिक बन्दीगृह में डाल दें। BSB BSB: and arrested the apostles and put them in the public jail.
19 HGST { महायाजक और उसके साथियों ने उन्हें रातभर बन्दीगृह में रखा ताकि सुबह में वे उनसे प्रश्न पूछ सकें।} परन्तु उस रात प्रभु परमेश्वर की ओर से एक स्वर्गदूत बन्दीगृह के द्वार खोलकर उन सभी प्रतिनिधियों को बाहर ले गया। तब उस स्वर्गदूत ने उनसे कहा, BSB BSB: But during the night an angel of the Lord opened the doors of the jail and brought them out, saying,
20 HGST “मन्दिर के आँगन में जाकर खड़े हो जाओ, और लोगों को उस अनन्त जीवन के बारे में बताओ जो यीशु उन्हें दे सकता है। कुछ भी मत छोड़ना, भले ही महासभा ने तुम्हें कुछ बातें न कहने की आज्ञा दी हो।” BSB BSB: “Go, stand in the temple courts and tell the people the full message of this new life.”
21 HGST अत: जब प्रतिनिधियों ने उस स्वर्गदूत की बातें सुनीं, तो वे मन्दिर के आँगन में जाकर लोगों को एक बार फिर यीशु के बारे में सिखाने लगे। तब तक भोर हो चुकी थी। लगभग उसी समय पर, महायाजक और उसके साथ काम करने वाले दूसरे याजक यहूदी महासभा के कमरे में एक साथ इकट्ठे हुए। वहाँ से उन्होंने महासभा के अन्य सदस्यों को बुलाया। वे सभी मिलकर इस्राएल के अगुवे थे। एक बार जब पूरी महासभा उपस्थित हो गई, तो उन्होंने प्रतिनिधियों को लाने के लिए बन्दीगृह में पहरेदार भेजे। BSB BSB: At daybreak the apostles entered the temple courts as they had been told and began to teach the people. When the high priest and his associates arrived, they convened the Sanhedrin—the full assembly of the elders of Israel—and sent to the jail for the apostles.
22 HGST परन्तु जब पहरेदार बन्दीगृह में पहुँचे, तो उन्होंने पाया कि वे वहाँ नहीं थे। अत: उन्होंने महासभा में लौटकर सदस्यों को बताया, BSB BSB: But on arriving at the jail, the officers did not find them there. So they returned with the report:
23 HGST “हमने देखा कि बन्दीगृह के द्वार बड़े सुरक्षित तरीके से बन्द थे और उन द्वारों के आगे पहरेदार निगरानी रख रहे थे। परन्तु जब हम द्वार खोलकर{ उन मनुष्यों को लाने के लिए भीतर गए}, तो बन्दीगृह के भीतर उनमें से कोई भी नहीं था।” BSB BSB: “We found the jail securely locked, with the guards posted at the doors; but when we opened them, we found no one inside.”
24 HGST जब प्रधान याजकों और मन्दिर के पहरेदारों के प्रभारी अधिकारी ने यह सुना, तो वे बड़ी उलझन में पड़ गए। उन्होंने आश्चर्य किया कि इसका दुष्परिणाम क्या होगा। BSB BSB: When the captain of the temple guard and the chief priests heard this account, they were perplexed as to what was happening.
25 HGST तब किसी व्यक्ति ने आकर उन्हें समाचार दिया,“यह सुनो! जिन मनुष्यों को तुम ने बन्दीगृह में डाला है, वे किसी तरीके से मन्दिर के आँगन में घुस आए हैं। और वे वहाँ लोगों को यीशु के बारे में बता रहे हैं!” BSB BSB: Then someone came in and announced, “Look, the men you put in jail are standing in the temple courts teaching the people!”
26 HGST अत: मन्दिर के पहरेदारों का प्रभारी अधिकारी अन्य अधिकारियों के साथ मन्दिर के आँगन में गया। वे प्रतिनिधियों को{ महासभा के कमरे में} वापस ले आए। परन्तु उन्होंने उनके साथ बुरा व्यवहार नहीं किया। वे डरते थे कि यदि उन्होंने ऐसा किया, तो लोग उन पर पत्थर फेंककर उन्हें मार डालने का प्रयत्न करेंगे। BSB BSB: At that point, the captain went with the officers and brought the apostles—but not by force, for fear the people would stone them.
27 HGST जब सेनापति और उसके अधिकारी महासभा के कमरे में प्रतिनिधियों को ले आए, तो उन्होंने महासभा के सदस्यों के सामने उन्हें खड़े होने की आज्ञा दी। तब महायाजक ने उनसे सख्ती से प्रश्न पूछे। BSB BSB: They brought them in and made them stand before the Sanhedrin, where the high priest interrogated them.
28 HGST उसने उनसे कहा,“हमने तुम्हें बड़े स्पष्ट रूप से आदेश दिया था कि तुम उस मनुष्य यीशु के बारे में लोगों को मत सिखाना! परन्तु तुम ने हमारी अनाज्ञाकारिता की है, और तुम ने पूरे यरूशलेम में लोगों को उसके बारे में सिखाया है! इसके अलावा, तुम यह दिखाने का प्रयत्न कर रहे हो कि उस मनुष्य की मृत्यु के दोषी हम ही हैं!” BSB BSB: “We gave you strict orders not to teach in this name,” he said. “Yet you have filled Jerusalem with your teaching and are determined to make us responsible for this man’s blood.”
29 HGST परन्तु पतरस ने अपनी और अन्य प्रतिनिधियों की ओर से बोलते हुए उत्तर दिया,“हमें वही बात माननी है जो परमेश्वर हमें करने की आज्ञा देता है, न कि वह जो तुम लोग हमें करने को कहते हो! BSB BSB: But Peter and the other apostles replied, “We must obey God rather than men.
30 HGST वो लोग तुम ही हो जिन्होंने यीशु को क्रूस पर कीलों से ठोंककर मार डाला! परन्तु परमेश्वर ने, जिसकी हमारे पूर्वज आराधना करते थे, यीशु को उसके मरने के बाद फिर से जीवित कर दिया। BSB BSB: The God of our fathers raised up Jesus, whom you had killed by hanging Him on a tree.
31 HGST परमेश्वर ने यीशु को और किसी भी व्यक्ति से अधिक आदर दिया है। उसने उसे हमारा उद्धार करने और हमारे ऊपर शासन करने वाला बनाया है। उसने हम इस्राएलियों को पाप करना बन्द करने में सक्षम किया है और उसने हमारे द्वारा किए गए पापों के लिए हमें क्षमा कर दिया है। BSB BSB: God exalted Him to His right hand as Prince and Savior, in order to grant repentance and forgiveness of sins to Israel.
32 HGST हम लोगों को उन बातों के बारे में बताते हैं जो हमने यीशु के साथ होते देखी हैं। पवित्र आत्मा, जिसे परमेश्वर ने हमारे पास भेजा है जो लोग उसकी आज्ञा मानते हैं, वह भी पुष्टि कर रहा है कि ये बातें सत्य हैं।” BSB BSB: We are witnesses of these things, and so is the Holy Spirit, whom God has given to those who obey Him.”
33 HGST जब महासभा के सदस्यों ने यह सुना, तो वे{ उन प्रतिनिधियों पर} इतने क्रोधित हुए कि वे उन्हें मार डालना चाहते थे। BSB BSB: When the Council members heard this, they were enraged, and they resolved to put the apostles to death.
34 HGST परन्तु वहाँ गमलीएल नाम का एक महासभा का सदस्य था। वह फरीसियों के समूह का सदस्य था। वह यहूदी व्यवस्था सिखाता था और यहूदी लोग उसका बहुत आदर करते थे। उसने महासभा में खड़े होकर पहरेदारों से प्रतिनिधियों को थोड़े समय के लिए कमरे से बाहर ले जाने के लिए कहा। BSB BSB: But a Pharisee named Gamaliel, a teacher of the law who was honored by all the people, stood up in the Sanhedrin and ordered that the men be put outside for a short time.
35 HGST { पहरेदारों के द्वारा उन्हें बाहर ले जाने के बाद,} गमलीएल ने महासभा के अन्य सदस्यों से कहा,“हे इस्राएली लोगों के अगुवों, तुम इन लोगों के साथ क्या करने वाले हो, उस बारे में तुम्हें सावधानी से विचार करना होगा। BSB BSB: “Men of Israel,” he said, “consider carefully what you are about to do to these men.
36 HGST कुछ वर्ष पहले थियूदास नाम के एक व्यक्ति ने सरकार के विरुद्ध एक विद्रोह की अगुवाई की थी। उसने दावा किया कि वह एक बड़ा व्यक्ति है, और लगभग 400 लोग उसके साथ जुड़ गए। परन्तु रोमियों ने उसे पकड़कर मार डाला, और जो लोग उसके साथ जुड़ गए थे वे वापस वहीं चले गए जहाँ से वे आए थे। अत: यह विद्रोह सफल नहीं हुआ। BSB BSB: Some time ago Theudas rose up, claiming to be somebody, and about four hundred men joined him. He was killed, all his followers were dispersed, and it all came to nothing.
38 HGST इन उदाहरणों के आधार पर, मैं कुछ सलाह देना चाहता हूँ। इन मनुष्यों को मत मारो! उन्हें छोड़ दो! मैं ऐसा इसलिए कह रहा हूँ क्योंकि अभी जो कुछ हो रहा है यदि वह केवल मनुष्यों की योजना है, तो कोई न कोई उसे रोक देगा। वे असफल हो जाएँगे। BSB BSB: So in the present case I advise you: Leave these men alone. Let them go! For if their purpose or endeavor is of human origin, it will fail.
39 HGST परन्तु यदि परमेश्वर ने उन्हें ये काम करने की आज्ञा दी है, तो तुम उन्हें रोक पाने में सक्षम नहीं हो सकोगे। हो सकता है कि तुम्हें यह मालूम भी चले कि तुम परमेश्वर के विरुद्ध काम कर रहे हो!” जो गमलीएल ने कहा उसे महासभा के अन्य सदस्यों ने स्वीकार कर लिया। BSB BSB: But if it is from God, you will not be able to stop them. You may even find yourselves fighting against God.”
40 HGST उन्होंने मन्दिर के पहरेदारों से कहा कि प्रतिनिधियों को भीतर ले आएँ और उन्हें पीटें।{ अत: पहरेदार उन्हें महासभा के कमरे में ले आए और उन्हें पीटा।} तब महासभा के सदस्यों ने उन्हें यह आज्ञा देकर जाने दिया कि वे लोगों से यीशु के बारे में और बात न करें। BSB BSB: At this, they yielded to Gamaliel. They called the apostles in and had them flogged. Then they ordered them not to speak in the name of Jesus, and released them.
41 HGST अत: वे महासभा के कमरे से चले गए। जब वे गए, तो वे इससे आनन्दित भी हुए क्योंकि वे यीशु की गवाही दे रहे थे इसलिए परमेश्वर ने लोगों को उनके साथ बुरा व्यवहार करने की अनुमति देकर उन्हें सम्मानित किया था। BSB BSB: The apostles left the Sanhedrin, rejoicing that they had been counted worthy of suffering disgrace for the Name.
42 HGST उसके बाद प्रतिदिन, वे मन्दिर क्षेत्र और अलग- अलग लोगों के घरों में गए, और उन्होंने लोगों को शिक्षा देना और बताना जारी रखा कि यीशु ही मसीह है। BSB BSB: Every day, in the temple courts and from house to house, they did not stop teaching and proclaiming the good news that Jesus is the Christ.
Select verses for actions: Enter goes to them and Escape comes back.